शुक्रवार, दिसम्बर 9, 2022
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गलत दावे के साथ वायरल हो रहा है ‘थाईपुसम’ का वीडियो

Claim

एक ऐसा भी पाखंड है जो पूरी इंसानियत को हिला देता है। लोगों ने तो उसे ही हमेशा बदनाम कर रखा है और यह RSS का कौन सा नया ड्रामा है।

Verification

सोशल मीडिया पर एक वाडियो वायरल हो रहा है जिसमें कुछ लोग पीठ के बल लटके हुए देखे जा सकते हैं। वीडियो के साथ मैसेज शेयर कर कहा जा है कि एक ऐसा भी पाखंड है जो पूरी इंसानियत को हिला देता है। लोगों ने तो उसे ही हमेशा बदनाम कर रखा है और यह RSS का कौन सा नया ड्रामा है। यह वीडियो ट्विटर पर बहुत ट्रेंड कर रहा है। वायरल वीडियो को जब हमने खंगाला तो हमें BBC का एक लेख मिला जिसकी मदद से हमें यह जानकारी मिली कि यह एक हिंदू त्यौहार है जो कि केरल, तमिलनाडू और एशियाई देशों में मनाया जाता है। यह त्यौहार थाईपुसम (Thaipusam) के नाम से जाना जाता है। थाईपुसम सभी जातियों और संस्कृतियों में हिंदुओं के लिए धन्यवाद कहने और शिव के पुत्र भगवान मुरुगन की प्रशंसा करने का समय होता है। हमें इस त्यौहार से संबंधित कई वीडियो भी मिली। जिन्हें आप यहां नीचे देख सकते हैं।

दरअसल, इस त्यौहार में पुरूष और नौजवान लड़के अपने पछतावे को दूर करने के लिए मुरुगन के लिए अपने शरीर पर छेद कराते हैं। एशियाई देशों में यह एक पारंपरिक त्यौहार माना जाता है। लेकिन सोशल मीडिया पर इस वीडियो को गलत दावों के साथ शेयर किया जा रहा है। यह त्यौहार हर साल मनाया जाता है और अगले साल ये त्यौहार 8 फरवरी 2020 को मनाया जाएगा।

हमारी पड़ताल ने इस खबर को गलत पाया है वायरल वीडियो अभी का नहीं बल्कि सालों पुराना है। लेकिन ट्विटर पर RSS को निशाना साधते हुए थाईपुसम त्यौहार के वीडियो को गलत दावों के साथ शेयर किया जा रहा है।

Tools Used

  • Google Reverse Image
  • InVID

Result: Misleading

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