सोमवार, मई 16, 2022
सोमवार, मई 16, 2022

होमFact Checkयूपी की दो साल पुरानी तस्वीर जहांगीरपुरी हिंसा से जोड़कर हुई वायरल

यूपी की दो साल पुरानी तस्वीर जहांगीरपुरी हिंसा से जोड़कर हुई वायरल

हनुमान जयंती के दिन दिल्ली के जहांगीरपुरी इलाके में हुई सांप्रदायिक हिंसा के बाद सोशल मीडिया पर एक तस्वीर तेजी से वायरल हो रही है. तस्वीर में किसी गली से हाथों में डंडा लिए कुछ पुलिसकर्मियों को गुजरते हुए देखा जा सकता है. गौर करने वाली बात यह है कि पुलिसकर्मियों के साथ सादे कपड़ों में दो व्यक्ति भी नजर आ रहे हैं, जिन्होंने गले में भगवा रंग का गमछा पहना हुआ है.

सोशल मीडिया पर कुछ यूजर्स इस तस्वीर को जहांगीरपुरी हिंसा से जोड़ रहे हैं. लोग तंज करते हुए लिख रहे हैं कि दिल्ली पुलिस भगवाधारी ‘धर्मरक्षकों’ के साथ घूम रही है. ट्विटर पर इस तस्वीर को दिल्ली पुलिस का बताकर कई लोग शेयर कर चुके हैं. फेसबुक पर भी तस्वीर को इसी दावे के साथ पोस्ट किया गया है.

जहांगीरपुरी हिंसा
Twitter Screenshot

इस ट्वीट का आर्काइव यहां देखा जा सकता है.

जहांगीरपुरी हिंसा
Screenshot of viral tweet

इस ट्वीट का आर्काइव यहां देखा जा सकता है.

Fact Check/Verification

वायरल तस्वीर को गूगल पर रिवर्स सर्च करने से पता चला कि कई सोशल मीडिया यूजर्स ने इसे अप्रैल 2020 में भी शेयर किया था. यहां इतनी बात स्पष्ट हो जाती है कि इस तस्वीर का जहांगीरपुरी हिंसा से कोई लेना-देना नहीं है, क्योंकि तस्वीर दो साल से इंटरनेट पर मौजूद है.

जहांगीरपुरी हिंसा
Facebook Screenshot

पड़ताल के दौरान न्यूजचेकर को 18-20 अप्रैल 2020 के बीच कुछ ऐसे ट्वीट्स भी मिले, जिनमें इस तस्वीर को लोगों ने उत्तर प्रदेश के बदायूं का बताया है. इसके साथ ही, उस समय इसी तस्वीर से जुड़ा एक वीडियो भी वायरल हुआ था. तस्वीर और वीडियो को मिलाने पर साफ समझ आता है कि दोनों एक ही जगह और एक समय के हैं.

वीडियो को ट्विटर पर शेयर करते हुए कुछ लोगों ने बदायूं पुलिस से सवाल किया था कि पुलिसकर्मियों के साथ गले में गमछा डाले यह दोनों व्यक्ति कौन हैं? बदायूं पुलिस ने 20 अप्रैल 2020 को इसका जवाब भी दिया था. बदायूं पुलिस ने लिखा था कि फोटो में दिख रहे दोनों व्यक्ति कोरोना वॉरियर्स मुकेश कुमार और सुनील गुर्जर हैं. दोनों मोहल्लों में पुलिस के साथ घूमकर लोगों को आरोग्य सेतु एप डाउनलोड करने व अपने घरों में रहने की अपील कर रहे थे.

इसे भी पढ़ें… क्या महिलाओं के लिए अलग से शराब की दुकान खोलेगी मध्य प्रदेश सरकार?

Conclusion

इस तरह हमारी पड़ताल में इस बात की पुष्टि हो जाती है कि वायरल तस्वीर यूपी के बदायूं की है और दो साल पुरानी है. भ्रम फैलाने के लिए इसे जहांगीरपुरी में हुई हिंसा से जोड़ा जा रहा है.

Result: False Context/False

Our Sources

Social Media Post of 2020
Tweet of Budaun Police

किसी संदिग्ध ख़बर की पड़ताल, संशोधन या अन्य सुझावों के लिए हमें WhatsApp करें: 9999499044 या ई-मेल करें: [email protected]

Arjun Deodia
Arjun Deodia
An Electronics & Communication engineer by training, Arjun switched to journalism to follow his passion. After completing a diploma in Broadcast Journalism at the India Today Media Institute, he has been debunking mis/disinformation for over three years. His areas of interest are politics and social media. Before joining Newschecker, he was working with the India Today Fact Check team.
Arjun Deodia
Arjun Deodia
An Electronics & Communication engineer by training, Arjun switched to journalism to follow his passion. After completing a diploma in Broadcast Journalism at the India Today Media Institute, he has been debunking mis/disinformation for over three years. His areas of interest are politics and social media. Before joining Newschecker, he was working with the India Today Fact Check team.

कोई जवाब दें

कृपया अपनी टिप्पणी दर्ज करें!
कृपया अपना नाम यहाँ दर्ज करें

Most Popular