शनिवार, जुलाई 13, 2024
शनिवार, जुलाई 13, 2024

होमFact CheckFact Check: वीडियो में नजर आ रही महिला नहीं हैं बीजेपी नेता,...

Fact Check: वीडियो में नजर आ रही महिला नहीं हैं बीजेपी नेता, जातीय टिप्पणी के नाम पर भ्रामक दावा वायरल

Authors

A self-taught social media maverick, Saurabh realised the power of social media early on and began following and analysing false narratives and ‘fake news’ even before he entered the field of fact-checking professionally. He is fascinated with the visual medium, technology and politics, and at Newschecker, where he leads social media strategy, he is a jack of all trades. With a burning desire to uncover the truth behind events that capture people's minds and make sense of the facts in the noisy world of social media, he fact checks misinformation in Hindi and English at Newschecker.

Since 2011, JP has been a media professional working as a reporter, editor, researcher and mass presenter. His mission to save society from the ill effects of disinformation led him to become a fact-checker. He has an MA in Political Science and Mass Communication.

Claim
हरियाणा की भाजपा नेता ने दलित समाज को लेकर आपत्तिजनक टिप्पणी की.
Fact
यह दावा भ्रामक है. असल में यह वीडियो भारतीय किसान यूनियन (चढूनी) की राष्ट्रीय उपप्रधान तथा दलित नेता कांता आलड़िया का है, जिन्होंने समाज के संपन्न लोगों द्वारा गरीबों की मदद ना करने को लेकर यह टिप्पणी की थी.

सोशल मीडिया पर एक वीडियो शेयर कर यह दावा किया जा रहा है कि हरियाणा की भाजपा नेता ने दलित समाज को लेकर आपत्तिजनक टिप्पणी की.

लोकसभा चुनावों के बाद साल के अंत में हरियाणा में विधानसभा चुनाव होने हैं. ऐसे में सूबे में आम चुनावों को लेकर तो सियासी तापमान बढ़ा ही है, राजनैतिक दलों ने विधानसभा चुनावों को लेकर भी अपनी तैयारियां तेज कर दी हैं. इसी क्रम में सोशल मीडिया यूजर्स एक वीडियो शेयर कर यह दावा कर रहे हैं कि कि हरियाणा की भाजपा नेता ने दलित समाज को लेकर आपत्तिजनक टिप्पणी की. बता दें कि वीडियो को जातिगत एंगल देकर भी शेयर किया जा रहा है.

Fact Check/Verification

हरियाणा की भाजपा नेता द्वारा दलित समाज को लेकर आपत्तिजनक टिप्पणी किए जाने के नाम शेयर किए जा रहे इस दावे की पड़ताल के दौरान, हमने पाया कि एक यूजर ने वीडियो में दिख रहीं महिला को दलित समाज का बताते हुए यह दावा किया है कि वीडियो में वो दलित समाज के संपन्न लोगों को गरीब दलितों की मदद ना करने को लेकर व्यंग्य कर रही थीं.

वायरल दावे के जवाब में शेयर किया गया एक पोस्ट

उक्त जानकारी की सहायता से ‘कांता आलड़िया’ कीवर्ड्स को गूगल पर ढूंढा. इस प्रक्रिया में हमें 11 नवंबर 2021 को शेयर किया गया एक पोस्ट प्राप्त हुआ, जिसमें वायरल वीडियो का एक लंबा वर्जन मौजूद है.

गूगल सर्च से प्राप्त परिणाम

बता दें कि वायरल वीडियो के लंबे वर्जन को देखने पर हमने पाया कि वीडियो में कांता आलड़िया दलित समाज में नौकरी कर रहे या संपन्न लोगों पर समाज के गरीब लोगों की सहायता ना करने का आरोप लगाती हैं.

Dhakad Hai Haryana द्वारा 7 नवंबर 2021 को प्रकाशित यूट्यूब वीडियो में भी इसमें दिख रहीं महिला को कांता आलड़िया ही बताया है.

बता दें कि उनके इस बयान के बाद कई सोशल मीडिया यूजर्स ने इसका विरोध किया था. ऐसे ही एक फेसबुक यूजर राहुल ने अपने पोस्ट में यह जानकारी दी थी कि उन्होंने 22 नवंबर 2021 को कांता आलड़िया के खिलाफ शिकायत भी दर्ज कराई है.

Kanta Allaria ने अपने X बायो में स्वयं को भारतीय किसान यूनियन (चढूनी) का राष्ट्रीय उपप्रधान बताया है. पंजाब केसरी हरियाणा द्वारा 17 जून 2017 को प्रकाशित वीडियो में उन्हें यह कहते सुना जा सकता है कि उन्होंने साल 2014 में भाजपा की सदस्यता ली थी और वह पार्टी में राज्य कार्यकारिणी समिति की विशेष आमंत्रित सदस्य के तौर पर कार्यरत थी, लेकिन उन्होंने प्रदेश की कानून व्यवस्था बिगड़ने का आरोप लगाकर पार्टी से इस्तीफा दे दिया था. Hindustan Times द्वारा 10 अप्रैल 2022 को प्रकाशित एक लेख के अनुसार कांता आलड़िया ने खुद की पार्टी बनाई थी जिसका नाम ‘मिशन एकता पार्टी’ है.

Conclusion

इस प्रकार हमारी पड़ताल में यह बात साफ हो जाती है कि हरियाणा की भाजपा नेता द्वारा दलित समाज को लेकर आपत्तिजनक टिप्पणी किए जाने के नाम शेयर किया जा रहा यह दावा भ्रामक है. असल में यह वीडियो भारतीय किसान यूनियन (चढूनी) की राष्ट्रीय उपप्रधान तथा दलित नेता कांता आलड़िया का है, जिन्होंने समाज के संपन्न लोगों द्वारा गरीबों की मदद ना करने को लेकर यह टिप्पणी की थी. जिसके बाद राहुल नामक एक व्यक्ति ने उनके खिलाफ शिकायत दर्ज कराई थी.

Result: Partly False

Our Sources
YouTube videos
Social media posts


किसी संदिग्ध ख़बर की पड़ताल, संशोधन या अन्य सुझावों के लिए हमें WhatsApp करें: 9999499044 या ई-मेल करें: checkthis@newschecker.in

फैक्ट-चेक और लेटेस्ट अपडेट्स के लिए हमारा WhatsApp चैनल फॉलो करें: https://whatsapp.com/channel/0029Va23tYwLtOj7zEWzmC1Z

Authors

A self-taught social media maverick, Saurabh realised the power of social media early on and began following and analysing false narratives and ‘fake news’ even before he entered the field of fact-checking professionally. He is fascinated with the visual medium, technology and politics, and at Newschecker, where he leads social media strategy, he is a jack of all trades. With a burning desire to uncover the truth behind events that capture people's minds and make sense of the facts in the noisy world of social media, he fact checks misinformation in Hindi and English at Newschecker.

Since 2011, JP has been a media professional working as a reporter, editor, researcher and mass presenter. His mission to save society from the ill effects of disinformation led him to become a fact-checker. He has an MA in Political Science and Mass Communication.

कोई जवाब दें

कृपया अपनी टिप्पणी दर्ज करें!
कृपया अपना नाम यहाँ दर्ज करें

Most Popular